थाने के बाहर दिया 'तीन तलाक'! 10 लाख नगद और स्कॉर्पियो की मांग पूरी न होने पर उजाड़ी बेटी की गृहस्थी, मैरिज हॉल संचालक के बेटे समेत 7 पर FIR
बरेली के थाना किला क्षेत्र में एक दिल दहला देने वाला मामला सामने आया है, जहां निकाह के महज एक महीने बाद ही दहेज में 10 लाख रुपये और स्कॉर्पियो कार न मिलने पर पीड़िता को थाने के बाहर ही तीन तलाक दे दिया गया। पुलिस ने मैरिज हॉल संचालक तसलीम रजा और उसके बेटे समेत 7 लोगों पर केस दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
बरेली में दहेज की बलि चढ़ी एक और बेटी, थाने की दहलीज पर पति ने बोला 'तीन तलाक'
जनवार्ता लाइव
बरेली। सपनों के महल ताश के पत्तों की तरह कैसे बिखरते हैं, इसका एक खौफनाक मंजर बरेली के थाना किला क्षेत्र में देखने को मिला। सीबीगंज के बिधौलिया की रहने वाली आबिया ने बड़े अरमानों के साथ 18 मई 2026 को रामपुर रोड निवासी इमरान रजा खां संग निकाह किया था। लेकिन उसे क्या पता था कि जिस रिश्ते को वो जन्म-जन्मांतर का समझ रही है, उसकी मियाद सिर्फ एक महीना ही निकलेगी।
10 लाख रुपये और स्कॉर्पियो-N कार की खूनी भूख
आबिया के मुताबिक, मायके वालों ने अपनी हैसियत से बढ़कर दान-दहेज दिया था। लेकिन निकाह के कुछ ही दिन बाद ससुराल वालों का असली चेहरा सामने आ गया। पति इमरान रजा और ससुर तसलीम रजा (जो प्रसिद्ध ब्लू मून मैरिज हॉल के संचालक हैं) ने 10 लाख रुपये नकद और नई 'स्कॉर्पियो-N' कार की डिमांड रख दी। जब पीड़िता ने असमर्थता जताई, तो उस पर जुल्मों का पहाड़ टूट पड़ा। रोजाना की मारपीट, गालियां और ताने उसकी जिंदगी का हिस्सा बन गए।
सुलह की मेज से निकला 'तलाक का फरमान'
ससुराल वालों की दरिंदगी से तंग आकर आबिया ने 7 जून को थाना किला में न्याय की गुहार लगाई। पुलिस ने दोनों पक्षों को बात से मामला सुलझाने के लिए 22 जून 2026 को थाने बुलाया। थाने के अंदर सुलह की बातचीत चल ही रही थी कि बाहर निकलते ही ससुराल पक्ष का गुस्सा फूट पड़ा। एकराय होकर सबने आबिया को भद्दी-भद्दी गालियां दीं और पति इमरान ने थाने के ठीक बाहर ही सरेआम "तीन बार तलाक" बोलकर सारे रिश्ते तोड़ दिए।
पुराने POCSO केस से बचने के लिए रचा गया था निकाह का जाल?
इस कहानी में एक और सनसनीखेज मोड़ है। आबिया ने पुलिस को दी गई तहरीर में खुलासा किया कि 1 दिसंबर 2025 को थाना प्रेमनगर में एक मुकदमा (मु.अ.सं. 487/2025) दर्ज हुआ था, जिसमें BNS की धारा 69, 351(3) और पॉक्सो (POCSO) एक्ट की गंभीर धाराएं लगी थीं। आरोप है कि उस मुकदमे से बचने और कानूनी शिकंजे से भागने के लिए ही आनन-फानन में 18 मई को इमरान के साथ आबिया का निकाह कराया गया था।
जांच शुरू, इंसाफ की आस
फिलहाल, आबिया की शिकायत पर पुलिस ने पति इमरान रजा खां, ससुर तसलीम रजा समेत 7 आरोपियों पर मामला दर्ज कर लिया है। केस की तफ्तीश उपनिरीक्षक कृष्ण कुमार को सौंपी गई है। थाने के चक्कर काटती आबिया आज बस एक ही सवाल पूछ रही है— क्या दहेज के लालच में बेटियों के अरमानों की ऐसे ही बलि चढ़ती रहेगी?