उर्स-ए-आला हजरत का शांतिपूर्ण समापन: जायरीनों की सुरक्षित वापसी के लिए सड़कों पर उतरे डीएम-एसएसपी, खुद संभाली कमान!
बरेली में तीन दिवसीय उर्स-ए-आला हजरत के सकुशल संपन्न होने के बाद देश-विदेश से आए जायरीनों को सुरक्षित और असुविधामुक्त घर वापस भेजने के लिए डीएम अविनाश सिंह और एसएसपी अनुराग आर्य ने सड़कों पर पैदल गश्त की।
जनवार्ता लाइव
बरेली।
तीन दिवसीय विश्वप्रसिद्ध उर्स-ए-आला हजरत के गरिमामय और शांतिपूर्ण समापन के बाद, अब बरेली जिला प्रशासन देश-विदेश से आए लाखों जायरीनों की सुरक्षित व सकुशल रवानगी में जुट गया है। शनिवार को जायरीनों को अपने गंतव्य तक पहुंचने में कोई परेशानी न हो, इसके लिए जिलाधिकारी अविनाश सिंह और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक (एसएसपी) अनुराग आर्य खुद सड़कों पर उतरे और संयुक्त रूप से पैदल गश्त कर सुरक्षा एवं यातायात व्यवस्थाओं का जायजा लिया।
संवेदनशील इलाकों में खुद पहुंचे आलाधिकारी
डीएम और एसएसपी ने पुलिस और प्रशासनिक अमले के साथ इस्लामिया ग्राउंड, दरगाह मार्ग, बिहारीपुर चौकी, इस्लामिया मार्केट और पटेल चौक समेत तमाम भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों का गहन निरीक्षण किया। इस दौरान संवेदनशील स्थानों पर सीसीटीवी/ड्रोन निगरानी और पुलिस बल की मुस्तैदी को परखा गया। अधिकारियों ने ऑन-ड्यूटी जवानों व अफसरों को स्पष्ट हिदायत दी कि जब तक अंतिम जायरीन सुरक्षित रवाना न हो जाए, तब तक सतर्कता में कोई ढील न बरती जाए।
जायरीनों से की सीधी बात, दिया सुरक्षा का अहसास
गश्त के दौरान डीएम-एसएसपी ने रास्ते में मिले जायरीनों से सीधे संवाद किया। उनसे यात्रा और व्यवस्थाओं को लेकर हाल-चाल जाना तथा उन्हें सुरक्षित रवानगी का पूरा भरोसा दिलाया।
जिलाधिकारी अविनाश सिंह ने कहा, "उर्स के दौरान सभी आवश्यक सुविधाएं और सुरक्षा मुहैया कराई गईं। अब हमारी प्राथमिकता जायरीनों की सुरक्षित वापसी है। जिले में शांति, सौहार्द और व्यवस्था बनाए रखना ही हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता है।"
एसएसपी अनुराग आर्य ने पुलिस बल को सख्त निर्देश दिए कि कानून-व्यवस्था से खिलवाड़ करने की मंशा रखने वाले किसी भी असामाजिक तत्व पर तत्काल और कठोर कार्रवाई की जाए।
प्रशासनिक अमला रहा मुस्तैद
पैदल गश्त के दौरान अधिकारियों के साथ एसपी साउथ अंशिका वर्मा, एडीएम प्रशासन पूर्णिमा सिंह समेत भारी संख्या में पुलिस बल और प्रशासनिक अधिकारी मौजूद रहे। पूरे शहर में आला अधिकारियों की इस सक्रियता से जायरीनों और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली और व्यवस्था की सराहना की।